लंबित मांगों को लेकर कलक्ट्रेट मिनिस्ट्रीयल कर्मचारियों ने बांह पर काली फीती बांधकर जताया विरोध

हरिद्वार। कलक्ट्रेट मिनिस्ट्रीयल कर्मचारी संघ जनपद शाखा हरिद्वार ने कर्मचारियों की वर्षों से लंबित मांगों के निराकरण को लेकर सोमवार से चरणबद्ध आंदोलन शुरू कर दिया। आंदोलन के पहले चरण में जिला मुख्यालय कलक्ट्रेट हरिद्वार सहित जिले की सभी तहसीलों और नगर मजिस्ट्रेट कार्यालय के कर्मचारियों ने बांह पर काली फीती बांधकर सांकेतिक विरोध दर्ज कराया। यह विरोध 14 अक्टूबर तक जारी रहेगा।
प्रांतीय महामंत्री एवं जिलाध्यक्ष नवीन मोहन शर्मा तथा जिला सचिव शशांक कश्यप के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने शासन-प्रशासन पर मांगों की अनदेखी का आरोप लगाया। संघ ने वर्ष 2005 से लंबित कलक्ट्रेट ढांचे के पुनर्गठन, कलक्ट्रेट को विशेष कार्यालय का दर्जा देने, कनिष्ठ सहायक की शैक्षणिक योग्यता स्नातक करने और ग्रेड पे में संशोधन की मांग उठाई। इसके अलावा मुख्य प्रशासनिक अधिकारी को तहसीलदार का लिंक अधिकारी घोषित करने, नायब तहसीलदार के पदों पर पदोन्नति के लिए 10 प्रतिशत कोटा निर्धारित करने, रिक्त पदों पर समयबद्ध पदोन्नति और लंबित स्थानांतरण प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण की मांग की गई। संघ ने चेतावनी दी कि मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होने पर 17 अक्टूबर को कार्य बहिष्कार के साथ कलक्ट्रेट मुख्यालय पर एक दिवसीय धरना दिया जाएगा और जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा जाएगा।
