आईआईटी रुड़की ने एरोजेल थर्मल रैप्स तकनीक का किया हस्तांतरण

हरिद्वार। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रुड़की ने मेक-इन-इंडिया पहल के तहत विकसित एरोजेल-आधारित थर्मल रैप्स प्रौद्योगिकी का तकनीकी ज्ञान (नो-हाउ) इंडोबेल इंसुलेशन्स लिमिटेड’ को हस्तांतरित किया है। यह प्रौद्योगिकी हल्के, उच्च-प्रदर्शन थर्मल इंसुलेशन समाधान प्रदान करती है, जिनका उपयोग एयरोस्पेस, ऑटोमोबाइल, ऊर्जा प्रणालियों, पर्यावरणीय समाधान और निर्माण क्षेत्र में किया जा सकता है।
इस नवाचार का विकास आईआईटी रुड़की के प्रो. कौशिक पाल और गुंजन शर्मा ने किया है। प्रो. कौशिक पाल ने कहा कि यह तकनीक अत्यधिक परिस्थितियों में भी विश्वसनीय प्रदर्शन देने में सक्षम है और विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों के लिए उपयुक्त है। इंडोबेल इंसुलेशन्स लिमिटेड के प्रबंध निदेशक श्री विजय बर्मन ने इसे बड़े पैमाने पर लागू करने की प्रतिबद्धता जताई। यह तकनीक हस्तांतरण उद्योगदृशैक्षणिक सहयोग को सशक्त करने और स्वदेशी उन्नत तकनीकों को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
