रेणी गाँव में मनाई गई चिपको आंदोलन की अग्रणी स्व. गौरा देवी की जन्म-शती

रूद्रप्रयाग। उत्तराखंड के रैणी गाँव में शनिवार को चिपको आंदोलन की प्रणेता स्वर्गीय गौरा देवी की जन्म-शती के उपलक्ष्य में एक दिवसीय कार्यक्रम का आयोजन नंदा देवी राष्ट्रीय उद्यान के तत्वावधान में किया गया। कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण की अलख जगाने वाली गौरा देवी के योगदान को स्मरण करते हुए उनके सम्मान में भारतीय डाक विभाग द्वारा Customized My Stamp एवं Special Cover का विमोचन किया गया।
इस मौके पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि गौरा देवी केवल रेणी गांव की ही नहीं, बल्कि वैश्विक पर्यावरण आंदोलन की प्रेरणा हैं। विधायक लखपत सिंह बुटोला ने कहा कि चिपको आंदोलन महिलाओं की शक्ति और प्रकृति प्रेम का अद्भुत उदाहरण है। लाता और रेणी गांव की महिला मंगल दलों ने चिपको आंदोलन पर आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुति से कार्यक्रम में चेतना का संचार किया। कार्यक्रम में स्व. गौरा देवी के सुपुत्र चंद्र सिंह राणा, मुख्य पोस्ट मास्टर जनरल उत्तराखंड शशि शालिनी कुजुर एवं निदेशक अनसूया प्रसाद चमोला भी उपस्थित रहे।
