प्रतिबंधित हरिद्वार में नानवेज मंगाने के दे रहीं इश्तहार

उत्तराखंड प्रहरी ब्यूरो / कुमार दुष्यंत,
हरिद्वार। हरिद्वार में जहां तीर्थ क्षेत्र की पवित्रता बनाए रखने के लिए गैर हिन्दू प्रवेश निषिद्ध करने की बात की जा रही है वहीं आनलाईन फूड डिलीवर करने वाली कंपनियां घर बैठे नानवेज उपलब्ध कराकर हरिद्वार में इसकी धज्जियां उड़ा रही हैं।

हरिद्वार मांस मदिरा की दृष्टि से निषिद्ध है। हरकी पैड़ी को केंद्र में रखते हुए आठ किलोमीटर क्षेत्र मांस-मदिरा सेवन व विक्रय के लिए प्रतिबंधित किया गया है। आजकल हरिद्वार और तीर्थ क्षेत्रों की पवित्रता की बात प्रदेश सरकार भी कर रही है। हरिद्वार में हाल ही में गंगा सभा द्वारा तीर्थ क्षेत्र की पवित्रता बनाए रखने के लिए जगह जगह सूचना पट्ट भी लगाए गए हैं। लेकिन मल्टी नेशनल और अन्य आनलाइन खाद्य उत्पाद परोसने वाली कंपनियां इन बंधनों से मुक्त बनी हुई हैं। इन कंपनियों द्वारा घर बैठे वैज और नानवेज परोसा जा रहा है। विभिन्न माध्यमों से हरिद्वार प्रतिबंधित क्षेत्र में प्रचारित हो रहे इन कंपनियों के बैनर, पोस्टर व प्रचार सामग्री में इसका कहीं उल्लेख नहीं है कि नानवेज सामग्री हरिद्वार प्रतिबंधित क्षेत्र में उपलब्ध नहीं होगी। कंपनियों के यह पोस्टर, पैम्फलेट अखबारों और अन्य माध्यमों से होटलों में ठहरे उन पर्यटकों तक भी पहुंच रहे हैं जो हरिद्वार की पवित्रता के नियम नहीं जानते। ऐसे में यह प्रतिबंधित खाद्य निषिद्ध क्षेत्र की पवित्रता भंग कर रहे हैं। हरकी पैड़ी के निकट स्थित एक बड़े होटल के संचालक ने बताया कि होटल में ठहरे यात्री, पर्यटक प्रायः आनलाइन भोजन मंगाते हैं लेकिन हम उसकी जांच नहीं कर सकते। यह जिम्मेदारी कंपनियों की ही होनी चाहिए कि वह निषिद्ध क्षेत्र में प्रतिबंधित सामग्री की आपूर्ति न करें। वहीं हरकी पैड़ी की प्रबंधकारिणी गंगा सभा के महामंत्री तन्मय वशिष्ठ का कहना है कि तीर्थ क्षेत्र की पवित्रता हर दृष्टि से अक्षुण्ण रहनी चाहिए। आनलाइन फूड डिलीवरी का विषय प्रशासन के समक्ष रखा जाएगा ताकि इसपर नियंत्रण हो सके।

[] यह विषय संज्ञान में लाया गया है। आनलाइन फूड डिलीवर करने वाले संचालकों को बुलाकर इसपर प्रभावी नियंत्रण के लिए कार्रवाई की जाएगी।
– कुसुम चौहान, सिटी मजिस्ट्रेट हरिद्वार।
